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हीरा निकालने बक्सवाहा का 383 हेक्टेयर जंगल बिड़ला को लीज़ पर, लाखों पेड़ कटेंगे जंगल होगा बर्बाद

  • पर्यावरण प्रेमियों ने इंदौर में बनाई मानव श्रंखला
  • राजनीतिक दलों, ट्रेड यूनियनों, सामाजिक संगठनों के सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने की भागीदारी
  • प्रदर्शन के बाद राज्यपाल के नाम दिया गया ज्ञापन

इंदौर। मध्य प्रदेश की भाजपा सरकार को पर्यावरण विरोधी और पूंजीपतियों की रक्षक सरकार कहते हुए प्रदेश के विभिन्न जनसंगठनों, ट्रेड यूनियनों और राजनीतिक दलों ने कल सड़कों पर आकर विरोध प्रदर्शन किया।

वक्ताओं का कहना था कि बक्सवाहा जंगल क्षेत्र का लगभग 383 हेक्टेयर क्षेत्र हीरा खनन के लिए आदित्य बिड़ला की कंपनी एसेल माइनिंग एंड इंडस्ट्रीज लिमिटेड को 50 वर्षों की लीज पर दिया गया है। इसके खनन का क्षेत्रफल मात्र 62.64 हेक्टेयर है शेष लगभग 320 हेक्टेयर में खनन का मलबा रखा जाएगा।

बक्सवाहा बचाओ समर्थक समूह इंदौर की ओर से रामस्वरूप मंत्री ने बताया कि ऑक्सीजन को तरस रहे देश में छतरपुर स्थित बक्सवाहा के जंगलों में सवा दो लाख हरे भरे पेड़ों को काटने की तैयारी प्रदेश सरकार ने कर ली है। सरकार के इस फैसले के बाद देश भर के पर्यावरण प्रेमियों में रोष है।

विभिन्न राजनीतिक दलों और श्रम संगठनों के नेताओं ने कहा कि देश कि संसाधनों का स्वामित्व समुदाय का है इसलिए सरकार के इस लूट के निर्णय को बदलने के लिए देश के सभी नागरिकों को इस लीज के खिलाफ अपनी योग्यता अनुसार बक्सवाहा के इस संघर्ष में साथ देना चाहिए।

सरकार के विकास के दावों पर नेताओं का कहना था कि प्रशासनिक पदाधिकारी, राजनेता और कंपनी इस परियोजना के लाभ के रूप में 400 स्थानीय युवकों के रोजगार को सामने रखकर विकास की बात कर रहे हैं उनसे पूछा जाना चाहिए कि क्या 400 लोगों के रोजगार के लिए 3,20,000 लोगों का दैनिक उपयोग का पानी और 27000 लोगों की सांसें रोक दी जाएं।

पूर्व महाअधिवक्ता आनंद मोहन माथुर ने बताया कि बक्सवाहा जंगल बचाओ पर्यावरण बचाओ की मांग के समर्थन में इंदौर के संभाग आयुक्त कार्यालय के समक्ष मानव श्रृंखला बनाई गई। मानव श्रृंखला में भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी, मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी, सोशलिस्ट पार्टी इंडिया, आम आदमी पार्टी, एस यू सी आई, लोकतांत्रिक जनता दल समाजवादी पार्टी, इंटक, एटक, सीटू, एच एम एस, संयुक्त ट्रेड यूनियन काउंसिल, सिटी ट्रेड यूनियन काउंसिल, जयस, नर्मदा बचाओ आंदोलन जनता श्रमिक संघ कामकाजी महिला संगठन, भारतीय जन नाट्य संघ(इप्टा), प्रगतिशील लेखक संघ, जनवादी लेखक संघ, भारतीय महिला फेडरेशन, फूलन आर्मी साक्षी सेवा समिति गतसिंह दिवाने ब्रिगेड, लोहिया विचार मंच, अम्बेडकर विचार मंच सहित विभिन्न जन संगठनों और सामाजिक संगठनों के कार्यकर्ताओं ने भागीदारी कर आदित्य बिड़ला समूह की कंपनी एचएल को हीरा खनन के लिए 50 साल की लीज पर दी जा रही जंगल की साढ़े 300 हेक्टेयर भूमि का अनुबंध नहीं करने की मांग की है।

मानव श्रृंखला और प्रदर्शन में मुख्य रूप से सर्वश्री पूर्व विधायक अश्विन जोशी, अरविंद पोरवाल, अजय लागू , सारिका श्रीवास्तव, रामस्वरूप मंत्री, कैलाश लिंबोदिया, अरुण चौहान, हरिओम सूर्यवंशी, रूद्रपाल यादव, किर्ति राणा, अशोक दुबे, अजय यादव, दुर्गेश खवासे, सत्येंद्र भाई, नवीन मिश्रा, सीमा सेन, न्यामतल्ला खान, चिन्मय मिश्रा, शकील शेख, ओमप्रकाश खटके, रजनीश जैन, भागीरथ कछवाय, मनोज यादव, प्रमीला चौकसी सहित बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए।

उन्होंने कहा कि दुनिया के आदिवासियों और जंगलों के किनारे बसने वालों का दुर्भाग्य ही है कि उन्हें बार-बार उजाड़ दिया जाता है वो भी उनके अपने देशों के छद्म विकास के नाम पर। छद्म विकास इसलिए क्योंकि यह दुखद विस्थापन चंद पूंजीपतियों की तिजोरी भरने के लिए ही होता है। किसी भी स्थान के विस्थापन को देख सकते हैं यह हत्यारा विकास एक तरफ पूंजीपतियों को जमीन से आसमान पर पहुंचा देता है तो दूसरी तरफ उस इलाके के निवासियों का घर छीनकर बेघर करता है और जीविका छीन कर बेरोजगार।

मानव श्रृंखला की समाप्ति पर कार्यकर्ताओं ने संभागायुक्त कार्यालय पर प्रदर्शन कर राज्यपाल के नाम ज्ञापन दिया जिसमें बक्सवाहा जंगल को आदित्य बिरला समूह की कंपनी एचएल को 50 साल की लीज पर दिए जाने और सवा दो लाख से ज्यादा पेड़ों के काटे जाने से होने वाले नुकसान की विस्तार से जानकारी देते हुए कहा कि बकस्वाहा के जंगलों को कटने की सरकारी योजना को वापस लेकर देश की प्राकृतिक आक्सीजन की आपूर्ति, पर्यावरण, लाखों पेड़, करोड़ों जीव जंतु, बुंदेलखंड के पेय जल, वहाँ के नागरिकों, मूल निवासी आदिवासियों का जीवन बचाने का कार्य सरकार को करना चाहिए न कि इन्हें नष्ट करने का। मानव श्रंखला में शामिल लोगों ने मांग रखी कि सरकार इस प्रोजेक्ट को तुरंत रद्द करे।

इस विषय पर अधिक जानकारी के लिए बक्सवाहा बचाओ समर्थक समूह, इंदौर की से इस नंबर पर संपर्क किया जा सकता है 7999952909

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