Covid-19 क्राईम छत्तीसगढ़ ट्रेंडिंग पुलिस मजदूर राजनीति रायपुर

रायपुर: ‘नेताजी होटल’ में बंधक बनाकर रखे गए थे मजदूर, मजदूरों का आरोप कि सिविल लाइन पुलिस ने भी नहीं लिखी शिकायत

रायपुर: छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में “नेताजी होटल” संचालक भाजपा नेता राहुल चंदानी के द्वारा होटल में काम करने वाले 20 से ज़्यादा मजदूरों को बंधक बनाकर, बिना कोई वेतन दिए ज़बरदस्ती काम करवाने का मामला सामने आया है.

https://youtu.be/JR5Ah2SL73o

मानव अधिकार कार्यकर्ता अधिवक्ता प्रियंका शुक्ला ने 20 मई की सुबह तड़के 5 बजे बिलासपुर में भूखे-प्यासे पैदल चल रहे मजदूरों से बातचीत करते हुए एक फेसबुक वीडियो लाइव किया. जिन 18 मजदूरों से उन्होंने बात की वे मध्यप्रदेश के ग्वालियर इलाके के रहने वालेर हैं. ये सभी मजदूर राजधानी रायपुर के कटोरा तालाब के पास स्थित नेताजी होटल में काम करते थे. इस होटल के मालिक राहुल चंदानी भाजपा नेता बृजमोहन अग्रवाल के करीबी कहे जाते हैं. मज्दोरों ने भी हमें यही बताया कि हमारा मालिक भाजपा नेता है.

मजदूरों ने आरोप लगाया है कि लॉक डाउन में वे अपने घर जाना चाहते थे लेकिन राहुल चंदानी ने उन्हें होटल में ही बंधक बना रखा था. मजदूरों ने बताया कि राहुल चंदानी ने उन्हें 3 महीने से वेतन नहीं दिया है. वेतन मांगने पर राहुल चंदानी उनके साथ गाली गलौच और मारपीट करता था.

वेतन न मिलने और मानसिक प्रताड़ना से परेशान मजदूरों ने ग्वालियर वापस जाने की इच्छा जताई तो नेताजी होटल के मालिक ने धमकी देते देय कहा कि “ये रायपुर है ग्वालियर नहीं किसी को कहीं नहीं जाने दूंगा”

सिविल लाइन पुलिस ने गालियाँ देकर भगाया

पीड़ित मजदूरों ने कहा कि वो राहुल चंदानी के ख़िलाफ़ शिकायत करना चाहते हैं. मजदूरों ने कहा कि रायपुर पुलिस राहुल चंदानी के साथ मिली हुई है. मजदूरों ने कहा कि राहुल चंदानी ने शिकायत करने पर जान से मरवा देने की धमकी दी है.

मजदूरों ने बताया कि राहुल चंदानी की कैद से जैसे तैसे भागकर वे मदद मांगने सिविल लाइन पुलिस स्टेशन पहुचे थे लेकिन पुलिस और राहुल चंदानी के बीच सांठगांठ हो गई और पुलिस ने भी उन्हें गालियाँ देकर वहां से भगा दिया.

ख़बरों के मुताबिक श्रम विभाग में मामले की शिकायत कर दी गई है.

मामला गंभीर है क्योंकि जो मजदूर नेताजी होटल की कैद से छूट निकले उन्होंने cgbasket को बताया कि अभी उस होटल में और भी मजदूर जबरन बन्द कर के रखे गए हैं.

रायपर एसपी आरिश शेख़ ने कहा है कि मामले की जाँच की जाएगी और मजदूरों के साथ दुर्व्यवहार करने के मामले में जो भी पुलिसकर्मी दोषी पाए जाएँगे उनपर कार्रवाई की जाएगी.

आरोपी होटल मालिक के ख़िलाफ़ अब तक कोई कड़ी कार्रवाई नहीं की गई है. नेताजी होटल रायपुर का नामी अपर पुराना होटल है.

राजधानी में में इतनी बड़ी संख्या में मजदूरों को बंधक बना कर रखा गया था, उनके साथ मारपीट की जा रही, उनका वेतन नहीं दिया जा रहा था…और पुलिस प्रशासन को इस बात की भनक तक नहीं लगी. इससे साफ़ साफ़ ज़ाहिर होता है की प्रशासन ग़रीब मजदूरों की सुरक्षा को लेकर कितना लापरवाह है.

Related posts

9 अगस्त: अगस्त क्रांति की तरह आज से शुरू हो रहा है मजदूरों और किसानों का देशव्यापी आंदोलन, छत्तीसगढ़ के संगठन भी शामिल

Anuj Shrivastava

दलित चिन्तक ,साहित्यकार ,सामाजिक कार्यकर्त्ता  प्रोफ़ेसर आनंद तेलतुम्बडे के खिलाफ दर्ज आपराधिक मुकदमे और गिरफ्तारी की सम्भावना के खिलाफ बिलासपुर में प्रदर्शन ,राष्ट्रपति को सोम्पा ज्ञापन ; बिलासपुर नागरिक संयुक्त संघर्ष समिति.

News Desk

मौत का गढ़… छत्तीसगढ़ : अब…मुस्कुराइए भी क्योंकि आप छत्तीसगढ़ में हैं और फिलहाल जिंदा है.

News Desk