मानव अधिकार

रायपुर ःःभेदभाव और हिंसा समाप्त करो, सबके लिए मानवाधिकार बहाल करो.ःः  मानवाधिकार दिवस – 10 दिसम्बर

रायपुर ःः.
अंतर्राष्ट्रीय मानव अधिकार घोषणापत्र को ज़ारी हुए 70 वर्ष हो चुके हैं | 1945 में दूसरे विश्व युद्ध की समाप्ति के बाद उपनिवेशवाद – साम्राज्यवाद से मुक्ति, आज़ादी, शांति, समानता व समाजवाद के पक्ष में दुनिया की अधिकांश जनता इकट्ठे होने लगी | ऐसी ही परिस्थिति में मानव के मौलिक अधिकारों के संरक्षण के लिए संयुक्त राष्ट्र संघ (UNO) की अगुवाई में 10 दिसम्बर 1948 को अंतर्राष्ट्रीय मानव अधिकार घोषणापत्र अस्तित्व में आया |
मानवाधिकार प्रत्येक मानव का जन्मसिद्ध अधिकार है | अंतर्राष्ट्रीय मानवाधिकार दिवस की 70वें वर्षगांठ पर मानवाधिकारों के प्रति बढती जागृति के बावजूद तस्वीर का बदरंग पहलू है, मौजूदा परिस्थिति में देश में मानवाधिकारों का घोर उल्लंघन |
इसीलिए आज हमारा नारा है “भेदभाव और हिंसा समाप्त करो, सबके लिए मानवाधिकार बहाल करो” |
इसी मुद्दे पर एक परिचर्चा का आयोजन किया गया है | परिचर्चा में आप सब सादर आमंत्रित हैं |
*विषय :*
“आज के दौर में मानवाधिकार आंदोलन का महत्व”
*तिथि* :
10 दिसम्बर 2018, सोमवार
*समय :*
सायं 05:30 से 8 बजे
*स्थान :*
वाई. एम. सी. ए. प्रोग्राम सेंटर,
कैनाल लिंकिंग रोड, इन्द्रावती कॉलोनी के सामने, जनता से रिश्ता प्रेस के पास, रायपुर (छ.ग.)
*आयोजक :*
छत्तीसगढ़ नागरिक संयुक्त संघर्ष समिति (CNSSS) एवं पीस रायपुर
*संपर्क सूत्र :*
तुहिन देब – 09340537659 /
धर्मराज महापात्रा – 09425205198 /
रतन गोंदाने – 09406318847 /
ऐड. रामकृष्ण जांगड़े – 09691055140 /
संजीव खुदशाह – 09977082331 /
दीपिका – 08454072950 /
डॉ. गोल्डी एम. जॉर्ज – 09893277910 / अखिलेश एडगर – 09993236016

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