आदिवासी मानव अधिकार राजकीय हिंसा राजनीति

बीजापुर : भैरमगढ़ मे पुलिस द्वारा पकड़े गए 26 ग्रामीणों में से 11 को आरोपी बताया ,शेष अभी तक लापता, आदिवासीयों ने बताया कि कोई नक्सली नहीं सबके आधार कार्ड और वोटर आईडी है.

22.05.2018

***

बीजापुर / चार दिन पहली बीजापुर पुलिस ने जिन 100 बारातियों को रोका था जिनमे 26 बारातियों को तीन दिन नही छोडा बाद में 11 लोगों पर नक्सली होने का आरोप लगा कर गिरफ्तारी बता दिया ,लेकिन अभी भी कुछ गायब है. जिनका कोई पता नहीं हैं .

परिजनो का आरोप की गिरफ्तार किये गये.लोगों मे से कोई भी नक्सली नहीं हैं उन सभी के आधर कार्ड व बोटर आईडी बने है ।

जिला मुख्यालय के जागला क्षेत्र के पुलोद पंचायत से दंतेवाड़ा गदापाल बारात गई थी 17 मई को 18 मई वापसी के दौरान भैरमगढ़ थाना क्षेत्र में 4 पिकअप को पुलिस ने पकड़ा सारे बरातियों को थाने के अंदर पूछताछ की संदेह के आधार पर 26 युवक एवं युवतियों को अपने पास पुलिस रोक लिया और बाकी को देर शाम तक छोड़ा दिया .

परिजन बताते हैं कि 17 मई को 3 पिकअप गांव पुलोद से बराती के रूप में 100 की संख्या में जिला दंतेवाड़ा के बालोद गांव गए हुए थे शादी के बाद दूसरे दिन 18 मई को वापसी के दौरान भैरमगढ़ थाना में रोका गया पूछताछ के बाद संदेह के आधार पर पुलिस ने 26 युवक-युवती को पकड़ा बाकी को देर शाम छोड़ दिया ।
3 दिन के लंबे इंतजार के बाद जब वापस नहीं आए 26 युवक युवती तब सरपंच सहित बीजापुर जिला मुख्यालय पहले जंगला थाना गए पूछताछ की तो बताया गया बीजापुर थाना जाओ सरपंच सहित समस्त ग्रामवासी बीजापुर थाना पहुंचे जहां पूछताछ में उन्हें कुछ हासिल नहीं हुआ इंतजार करते बैठे हैं 11 के बारे में तो मीडिया ने बताया की वह नक्सली समर्थक है पर और बाकी 15 लोगों की जानकारी आज नहीं मिल पा रही है इस बात की जानकारी परिवार जनों ने मीडिया को बताया ।

***

 

Related posts

पुलिस की क्लोजर रिपोर्ट पर अब 16 फरवरी को अगली सुनवाई : बेला भाटिया ने कहा में वकील भी हूँ ,अपना केस खुद लड़ लुंगी .

News Desk

रमन सिंह योगी के पैर छू रहे है तो दूसरे ईमानदार ब्यूरोक्रेट्स सेविंग किट बांट रहे है .

News Desk

युद्ध और मनुष्य के बीच एक को चुनने का अवसर : डॉ. दीपक पाचपोर

News Desk