शिक्षा-स्वास्थय

कोरबा के निजी अस्पताल में युवक की मौत , फीस के लिए शव को बंधक बनाया

पत्रिका . कोरबा के नामचीन एक प्राइवेट अस्पताल में कोरिया के युवक की मौत के बाद 17180 रुपए बकाया फीस नहीं जमा करने पर 15 घंटे तक शव को बंधक बनाया रखा मामले में विधानसभा अध्यक्ष डॉ चरणदास महंत द्वारा अस्पताल प्रबंधन को जमकर फटकार लगाने के बाद शव छोड़ा गया । ग्राम पंचायत जिल्दा निवासी राहुल विश्वकर्मा 28 ) के पेट में दर्द की शिकायत होने पर मंगलवार सुबह 6 बजे भर्ती कराया गया था । इस दौरान तत्काल 5 हजार रुपए फीस जमा कराया और अस्पताल भता किया गया था उसी दिन शाम 7 बजे हालत खराब होने बात कहकर दवाइव अन्यखच नाम पर पर 20 हजार रुपए परिजनों से लिया गया था । अस्पताल में करीब घंटे बाद रात 9 बजे मृत घोषित कर दिया था । राशि नहीं मिलने पर शव को अपने कब्जे में रखा था

इलाज पर 42180 रुपए का बिल बनाया था

बैकुंठपुर विधायक प्रतिनिधि ने बताया कि कोरबा के निजी अस्पताल ने सुबह 6 से रात 9 बजे भर्ती व इलाज करने के नाम कल 42180 रुपए का बिल बनाया था । युवक की मौत होने के बाद अस्पताल प्रबंधन ने परिजनों से कहा कि बकाया फीस 17180 रुपए जमा कर शव को ले जाइए परिवार द्वारा असमर्थता जताने पर शव को बनाकर रख लिया था ।

विस अध्यक्ष की फटकार के बाद शव को भेजा गांव

कोरबा के अस्पताल में युवक के शव को बंधक बनाने की जानकारी सचिन जायसवाल को मिली जिसपर उसने विधायक प्रतिनिधि राहुल जायसवाल से संपर्क किया राहुल ने विधानसभा अध्यक्ष डॉ चरणदास महंत को फोन कर वस्तुस्थिति से अवगत कराया इसपर डॉ महंत ने अस्पताल प्रबंधन को जमकर फटकार लगाई और शव वाहन व्यवस्था कर शव को उसके गांव नहीं भेजवाने पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी मामले में अस्पताल प्रबंधन ने आनन – फानन में शव को दोपहर करीब 12 बजे उसके गांव रवाना कर दिया । प्राइवेट अस्पताल चंगुल से शव को छुड़ाने पर ग्रामीणों ने विधायक प्रतिनिधि राहुल एवं विधानसभा अध्यक्ष डॉ महंत आभार जताया है ।

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