? शरद कोकास :” कोई मुझसा दबंगर न रश्के- क़मर ” एक पुरातत्ववेत्ता की डायरी : भाग 12

????? *आज चौथे दिन की शाम* यह तमाम छात्र गाँव पहुँचे हुए हैं और वहाँ उनकी एक नौटंकी पार्टी से मुलाक़ात हो गई है । चाय पीने के बाद मटरगश्ती करते हुए यह छात्र वहाँ पहुंचते हैं और फिर शुरू होती है नौटंकी कला पर बात ..इसे ज़रूर पढ़िए .. Continue Reading

बिलासपुर : ट्रेड यूनियन और जनसंघठनो ने शहीदों को दी श्रधांजली .

    बिलासपुर : ट्रेड यूनियन और जनसंघठनो ने शहीदों को दी श्रधांजली . बिलासपुर / 23मार्च आज सुबह ट्रेड यूनियन काँसिल ,जन संघठन और राजनैतिक दलों ने भगत सिंह की मूर्ति पर जाकर उन्हें याद किया और माल्यापर्ण किया. साथी नन्द कशयप , शोकत अली ,रवि बेनर्जी ,पी आर Continue Reading

अवतार सिंह पाश की अधिकतम कविताएँ : 23 मार्च पुण्यतिथि

अवतार सिंह पाश जन्म   9 सितंबर 1950 ,हत्या  मार्च 23 1088  1.  अब विदा लेता हूं अब विदा लेता हूं मेरी दोस्त, मैं अब विदा लेता हूं मैंने एक कविता लिखनी चाही थी सारी उम्र जिसे तुम पढ़ती रह सकतीं उस कविता में महकते हुए धनिए का जिक्र होना था Continue Reading

गोंडी पर कार्यक्रम में हंगामा, ब्राह्म्णवादी व्याख्या पर भड़की लेखिकाएं : नवल किशोर की रिपोर्ट.

( चित्र तामेश्वर सिन्हा लिंगो यात्रा का प्रतिक ) 21वीं सदी के दूसरे दशक में एक बार फिर आर्य-अनार्य जीवन दर्शन का संघर्ष छिड़ता दिख रहा है। दिल्ली की धरती पर। गोंड समुदाय और उनकी परंपराओं को हिन्दू मिथक ब्रह्मा से जोड़ने की कवायद की गयी। दो आदिवासी लेखिकाओं ने Continue Reading

 तीन शहीद : भगत सिंह की शहादत पर डॉ अांबेडकर का संपादकीय लेख

  23 मार्च 1931 को भगत सिंह, सुखदेव और राजगुरु को फांसी पर चढ़ा दिया गया था। डॉ.आंबेडकर ने अपने अखबार ‘जनता’ में 13 अप्रैल 1931 इन तीन युवाओं की शहादत पर ‘तीन शहीद’ शीर्षक से एक संपादकीय लेख लिखा। प्रस्तुत है वह लेख बी.आर. आंबेडकर MARCH 22, 2018   ( Continue Reading

? कल 24 मार्च को राजकुमार सोनी की दो किताबों का विमोचन : रायपुर के वृंदावन वन हॉल में शाम 5.30 बजे

रायपुर/23.03.2018 छत्तीसगढ़ की पत्रकारिता में अपनी एक अलग पहचान रखने वाले पत्रकार राजकुमार सोनी की दो पुस्तक – भेड़िए और जंगल की बेटियां और बदनाम गली का विमोचन 24 मार्च को रायपुर के सिविल लाइन स्थित वृंदावन वन हॉल में शाम 5.30 बजे होगा। इस मौके पर सुप्रसिद्ध आलोचक सियाराम Continue Reading

23 मार्च – अमर शहीद भगत सिंह की शहादत दिवस – तुहिन

23 .03.2018  सामाजिक तबके के रूप में युवा किसी भी समाज का सबसे सक्रिय और ऊर्जावान तबका होता है। सभी देशों के इतिहास में अत्यंत समर्पण एवं आत्म बलिदान की क्रांतिकारी भावना से लैस होकर एक प्रगतिशील समाज के निर्माण की प्रक्रिया में बहुत कुछ योगदान देने के लिए वे Continue Reading

भगत सिंह की चिंतन परम्परा, हमारा लोक और स्वाधीनता संघर्ष. : प्रताप ठाकुर

  ( प्रताप के छोटे बेटे   प्रॉमीथियस   ने उनकी डायरी से व्यवस्थित करके सीजीबास्केट में भेजा हैं  ,यह लेख   उनके पापा छोटे-छोटे हिस्सों में डायरी में लिखे थे, उन्हें एक साथ व्यवस्थित करने की कोशिश की।]  23.03.2018 ** भगत सिंह को क्या केवल एक ही दिन याद किया जाये? Continue Reading

भगतसिंह अद्वितीय व्यक्तित्व : चमन लाल

शब्दों का प्रयोग कई बार आलंकारिक रूप में किसी बात पर ज़ोर देने के लिए किया जाता है। ‘अद्वितीय’ शब्द का प्रयोग भी बहुत बार आलंकारिक रूप में ही किया जाता है। लेकिन भगत सिंह के सन्दर्भ में जब इस शब्द का प्रयोग किया जा रहा है तो यह शब्द Continue Reading

? आदिवासी कवि दोपदी सिंघार की 14 कवितायेँ :, प्रस्तुति अनिल जनविजय .

  23.03.2018 ? आदिवासी कवि दोपदी सिंघार  कि दो तीन साल पहले खूब चर्चा हुई , यह भी निश्चित नहीं हो पाया अंत तक कि वो कौन है और हैं भी कि नहीं .कल अचानक फेसबुक पर जाने माने साहित्यकार अनिल जनविजय ने एक के बाद एक कई कविताएँ फेसबुक Continue Reading