जेल भरो आंदोलन की चेतावनी : छत्तीसगढ़ किसान मजदूर महासंघ

4.10.17

रमन सरकार दमन बन्द कर किसानों को निशर्त रिहा करें, जेल भरो आंदोलन की चेतावनी : छत्तीसगढ़ किसान मजदूर महासंघ

छत्तीसगढ़ में एक तरफ रमन सरकार बोनस तिहार मना कर किसानों को सौगात बांटने की लुभावनी कोशिश कर रही है तो दूसरी तरफ जो किसान अपनी वाजिब मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे हैं उन पर रमन सरकार का दमन लगातार जारी है ।

छत्तीसगढ़ के किसानों के साथ रमन सरकार के द्वारा वादाखिलाफी को लेकर विगत 4 महीने से किसान लगातार आंदोलन पर हैं । बोनस की आंशिक घोषणा और फिर उसको बांटने को लेकर त्यौहार जैसा नकली वातावरण खड़ा करने के प्रयास को लेकर किसानो में अच्छी खासी नाराजगी है ।

किसानों के खेत भीषण सूखा की वजह से तबाह हो गए है । इसीलिए पूरे प्रदेश में हजारों किसान बोनस तिहार का विरोध करते हुए आंदोलन पर हैं । किसानों की मांग है कि उनके साथ किया गया वादा रमन सरकार पूरा करे । धान का बोनस पूरे 4 साल का बांटे, समर्थन मूल्य 2100 रुपये प्रति क्विंटल, मुफ्त बिजली,शून्य प्रतिशत ब्याज पर लोन और एक एक दाना धान की खरीदी रमन सरकार का संकल्प था जिसको उन्होंने 2013 का चुनाव जीतने के बाद से लेकर अभी तक पूरा नहीं किया है ।

प्रदेश के 28 किसान संगठन एकजुट होकर पूरे छत्तीसगढ़ में लगातार आंदोलन कर रहे हैं इसी कड़ी में कल रायगढ़ के निकट सरिया में विशाल किसान सभा की गई जिसमें छत्तीसगढ़ किसान मजदूर महासंघ के नेताओं रूपन चन्द्राकर, जागेश्वर चन्द्राकर, बालकराम पटेल, तपन बैनर्जी आफ ने अपनी मांगों को लेकर हुंकार भरी । दूसरी तरफ राजनांदगांव में जिला किसान संघ के द्वारा धरना दिया गया और शासन द्वारा किसानों को पद यात्रा करने से एक बार पुनः रोक दिया गया ।

यही नहीं रायपुर में विगत 2 अक्टूबर से कृषि उपज मंडी गेट के सामने किसान लगातार सत्याग्रह कर रहे हैं लेकिन उन्हें गिरफ्तार कर जेल में ठूंसा जा रहा है । अब तक 133 किसानों को जेल में डाला जा चुका है ।

यह दुर्भाग्य का विषय है कि रमन सरकार किसानों की मांगों को पूरा करने के स्थान पर लगातार किसानों को दमनपूर्वक गिरफ्तार कर रही है ।
छत्तीसगढ़ किसान मजदूर महासंघ के संयोजक मंडल सदस्य द्वारिका साहू, रूपन चंद्राकर, पप्पू कोसरे, जागेश्वर चंद्राकर, डॉ संकेत ठाकुर, प्रभात चंद्राकर, बालक राम पटेल, तेजराम विद्रोही, मदन साहू, पुरुषोत्तम चंद्राकर, उत्तम जायसवाल, गौतम बंदोपाध्याय, अनिल सिंह, गोविंद चंद्राकर, दुर्गा झा आदि ने रमन सरकार के किसानों पर दमनात्मक कार्यवाही की कड़े शब्दों में निंदा की है और किसानों को तत्काल निशर्त रिहा करने की मांग की है । किसान महासंघ ने चेतावनी दी है कि अगर किसानो पर इसी तरह दमन जारी रहा तो अब तक सबसे बड़ा जेल भरो आंदोलन किसानों के द्वारा आने वाले समय में छत्तीसगढ़ की में किया जाएगा

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संयोजक मण्डल सदस्य,
छत्तीसगढ़ किसान मजदूर महासंघ

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