बस्तर में कुपोषण बड़ी समस्या, अस्पताल में 120 दिन में पहुँचे 755 अति कुपोषित, कुपोषण के विरुद्ध जंग हार रही जिला प्रशासन , जिले में हर महीने बढ़ रहा कुपोषित बच्चों का ग्राफ .

6.05.2019

जगदलपुर . करोड़ों रुपए खर्च , तमाम योजनाएं और पोषण पुनर्वास केन्द्रों की व्यवस्थाएं फिर भी कुपोषण ने बच्चों को जकड़ रखा है । हर साल यह आंकड़ा बढ़ता ही जा रहा है । आंगनबाड़ी केंद्रों में ढेरो योजनाएं संचालित की जा रही है , फिर भी यह आंकड़ा बढ़ता जा रहा । ग्रामीण है महारानी अस्पताल के और एनआरसी ( पोषण पुनर्वास केंद्र ) में जनवरी से अप्रैल तक 120 दिनों में 755 कुपोषित बच्चों को इलाज के लिए भर्ती किया गया । यह आंकड़ा तो वह है , जो अस्पतालों तक पहुंचा है। जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में ऐसे कई कुपोषित और भी हैं । एनआरसी सेंटर और आंगनबाड़ी केंद्रों में कुपोषित बच्चों को पोषित करने के नाम पर सिर्फ खानापूर्ति हो रही है ।

बच्चों को पर्याप्त मात्रा में पोषण आहार नहीं मिल रहा है । आंकड़ों को देखकर अंदाजा लगाया जा सकता है कि योजनाओं का क्रियान्वयन कितने ठीक तरीके से किया जा रहा है । हर साल बढ़ रहे अतिकुपोषित बच्चे जिले में हर साल अतिकुपोषित बच्चों की संख्या बढ़ती जा रही है ।


2017 – 18 में कुपोषित बच्चों की संख्या 34 . 90 प्रतिशत , 2018 – 19 में 34 . 75 प्रतिशत रहा है । वहीं 2017 – 18 में अतिकुपोषित बच्चों की संख्या 10 . 03 दर्ज किया गया था , जो 2018 – 19 में 10 . 14 प्रतिशत तक बढ़ गया । एनआरसी सेंटर में भर्ती 50 प्रतिशत बच्चे भी नहीं हो रहे पोषित कुपोषण दर को कम करने के लिए जिले में महारानी अस्पताल , बकावंड सीएचसी , दरभा सीएचसी , लोहांडीगुड़ा सीएचसी , तोकापाल सीएचसी व सिविल हॉस्पिटल भानपुरी में एनआरसी सेंटर संचालित हैं । 2018 – 19 में इन सभी एनआरसी सेंटरों में 10 हजार 21 कुपोषित बच्चों को भर्ती किया गया । इसमें सिर्फ 48 . 1 प्रतिशत बच्चे ही पोषित हो पाए । यानी 50 प्रतिशत बच्चों को भी कुपोषण से मुक्त नहीं किया जा सका । । डाइट में सिर्फ दाल , चावल एनआरसी में भर्ती कुपोषित बको डाइट में सिर्फ दाल , चावल और दूध दिया जा रहा है । इसके अलावा कोई विशेष आहार बच्चों को नहीं मिल रहा है । इससे कुपोषित बच्चों के सेहत में कोई सुधार नहीं हो रहा है । जबकि वार्डों में भर्ती मरीजों को दुध , अंडा के अलावा मौसमी फल भी दिया जा रहा है ।

महारानी अस्पताल में चार महीने में 755
कुपोषित बच्चे कुपोषित बच्चे
भर्ती माह
जनवरी 183
फरवरी 44
मार्च 203
अपैल 325

एनआरसी में इस प्रकार भर्ती हुए बच्चे

2018 – 19 एनआरसी । बच्चों की संख्या
महारानी अस्पताल 96
बकावंड सीएचसी 208
दरभा सीएचसी 215
लोहांडीगुड़ा सीएचसी 210 तोकापाल 53
भानपुरी सिविल अस्पताल 239

दे रहे हैं पोषण आहार कुपोषित बच्चों को पोषित करने का पूरा प्रयास किया जा रहा है । आंगनबाड़ी केंद्रों में बच्चो को उनके वजन के अनुसार पोषण आहार भी दिया जा रहा है । अतिकुपोषित बच्चों को एनआरसी सेंटर भी भेजा जा रहा है ।

एलआर कच्छप ,
जिला महिला एवं बाल विकास अधिकारी

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